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कुटरचित दस्तावेज एवं फर्जी विक्रेता के जरिये अपनी बहन के हिस्से की भूमि को विक्रय करने वाले आरोपी गिरफ्तार

मामले मे आरोपी भाई सहित फर्जी विक्रेता को किया गया गिरफ्तार…फर्जी विक्रेता को सम्पूर्ण घटनाक्रम की थी जानकारी, प्रार्थिया से भी थी पूर्व परिचित…पुलिस अधीक्षक के निर्देशन मे संपत्ति सम्बन्धी मामलो मे की जा रही सख्त कार्यवाही…

सरगुजा। प्रार्थिया प्रेमा बाई पति जय सिंह उम्र 47 वर्ष साकिन जजगी लखनपुर द्वारा दिनांक 04/08/24 कों थाना लखनपुर आकर रिपोर्ट दर्ज कराई कि प्रार्थिया के माता पिता के मृत्यु पश्चात पिता के नाम की भूमि प्रार्थिया के भाई छतर राम एवं प्रार्थिया के नाम पर सम्मिलित रूप से नामंतरण हुआ था, जो प्रार्थिया के भाई छतर राम द्वारा प्रार्थिया से धोखाधड़ी करने के आशय से एक अन्य रिश्ते की दीदी जिसका नाम भी प्रेमाबाई हैं।

उसे अपनी बहन के रूप मे रजिस्ट्रार ऑफिस मे खड़ा कर आरोपियों द्वारा साठगाँठ कर प्रार्थिया एवं आरोपी के संयुक्त भूमि को 05/04/23 को अन्य क्रेता को फर्जी रजिस्ट्री कर निष्पादन करा दिया गया हैं, मामले की जानकारी प्राप्त होने पर प्रार्थिया द्वारा थाना आकर मामले की लिखित शिकायत की हैं जिस पर थाना लखनपुर मे अपराध क्रमांक 188/24 धारा 420,467, 468, 471, 201, 34 भा.द.वि. का अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना मे लिया गया।

दौरान विवेचना पुलिस टीम द्वारा मामले के आरोपियों का पता तलाश कर घेराबंदी कर पकड़कर पूछताछ किया गया जो आरोपी द्वारा अपना नाम (01) छतर राम आत्मज स्व. मण्डल राम उम्र 52 वर्ष साकिन जजगी लखनपुर (02) प्रेमा बाई पति आनंद राम उम्र 50 वर्ष साकिन बंधा लखनपुर का होना बताये, आरोपी छतर राम से घटना के सम्बन्ध मे पूछताछ किये जाने पर बताया कि आरोपी कई लोगो से उधार लिया था।

आरोपी उधार का पैसा पटा नही पा रहा था, जो आरोपी छतर राम अपनी बहन प्रेमा बाई कों संयुक्त जमीन कों बेचने की बात बोला लेकिन आरोपी की बहन अपनी संयुक्त खाते की भूमि कों बेचने के लिए तैयार नही हुई, इसी बीच आरोपी अपने रिश्ते की दीदी जिसका नाम भी प्रेमा बाई था उसे रजिस्ट्रार ऑफिस मे उसकी अपनी बहन की जगह खड़ा होने के लिए राजी कर लिया और उक्त कार्य के लिए 5000/- नगद देने के लिए बोला, तब आरोपी छतर राम प्रेमा बाई कों उसकी बहन की जगह रजिस्ट्रार ऑफिस मे खड़ी करवाकर कूटरचित दस्तावेज के जरिये संयुक्त खाते की भूमि को अन्य क्रेता को कुल 22 डिसमिल के तीन प्लाट 60000/- रुपये मे विक्रय कर देना स्वीकार किया गया।

आरोपी छतर राम द्वारा महिला आरोपी फर्जी विक्रेता प्रेमा बाई कों 5000/- रुपये दिए गये थे, जिसे आरोपिया द्वारा खर्च हो जाना बताया गया हैं, शेष रकम 55000/- रुपये के बारे मे आरोपी से पूछताछ किये जाने पर खर्च हो जाना बताया गया हैं, मामले मे आरोपियों द्वारा सदर धारा का अपराध घटित करना पाये जाने पर गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा मे भेजा गया हैं।

सम्पूर्ण कार्यवाही मे थाना प्रभारी लखनपुर निरीक्षक अश्वनी सिंह, उप निरीक्षक प्रेम प्रकाश खुटिया, सहायक उप निरीक्षक निर्मला कश्यप,महिला आरक्षक निर्मला एक्का, आरक्षक दशरथ राजवाड़े, जानकी राजवाड़े, उमाशंकर साहू शामिल रहे।

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