खास खबरदेश-दुनियाफीचर्ड

थाने के मालखाने में रखे 55 लाख नकद और 10 लाख के गहने पुलिसवाला ही जुआ में हारा, जुआ खेलने महाराष्ट्र तक जाता था

जानकारी के अनुसार, कोतवाली पुलिस ने कुछ माह पहले ठगी के एक मामले में आरोपियों से 55 लाख रुपए नकद और गहने जब्त किए थे। ये सभी मालखाने में जमा रखे गए थे। फरियादी महिला ने कोर्ट से आदेश लेकर जब थाने में अपने रुपए लेने की प्रक्रिया शुरू की, तभी यह बड़ा खुलासा हुआ…

 

बालाघाट (ए)। जिला मुख्यालय के कोतवाली थाने से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। थाने के मालखाने में रखे 55 लाख रुपए नकद और करीब 10 लाख रुपए के सोने-चांदी के गहने रहस्यमय तरीके से गायब हो गए। जांच में पता चला है कि मालखाना इंचार्ज प्रधान आरक्षक राजीव पंद्रे ने यह रकम जुआ में उड़ा दी।

खुलासा तब हुआ जब फरियादी कोर्ट की प्रक्रिया पूरी करने के बाद अपने रुपए और गहने लेने थाने पहुंचा। टीआई ने जब प्रधान आरक्षक को पैसे लाने को कहा, तो वह घबराकर मालखाने का गेट अंदर से बंद कर लिया और पंखे से फांसी लगाने की कोशिश की। हालांकि पुलिस ने समय रहते दरवाजा तोड़कर उसकी जान बचा ली।

ठगी के केस से बरामद हुए थे रुपए
जानकारी के अनुसार, कोतवाली पुलिस ने कुछ माह पहले ठगी के एक मामले में आरोपियों से 55 लाख रुपए नकद और गहने जब्त किए थे। ये सभी मालखाने में जमा रखे गए थे। फरियादी महिला ने कोर्ट से आदेश लेकर जब थाने में अपने रुपए लेने की प्रक्रिया शुरू की, तभी यह बड़ा खुलासा हुआ।

जुआ खेलने महाराष्ट्र तक जाता था
पुलिस जांच में सामने आया है कि प्रधान आरक्षक राजीव पंद्रे लंबे समय से जुआ खेलने का आदी था। वह अक्सर महाराष्ट्र के गोंदिया और मध्यप्रदेश के सिवनी जिले तक जाकर जुआ खेलता था। जानकारी के मुताबिक, वह पहले भी मालखाने से रकम निकालकर जुआ में हार चुका है।

अब तक 20 लाख बरामद, बाकी की तलाश जारी
पुलिस ने बताया कि आरोपी से पूछताछ के बाद करीब 20 लाख रुपए बरामद किए जा चुके हैं। बाकी रकम और गहनों के लिए पुलिस लगातार छापेमारी कर रही है।

एफआईआर दर्ज, अधिकारी बोलने से बच रहे
इस मामले में मालखाना इंचार्ज राजीव पंद्रे के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली गई है। बालाघाट आईजी संजय कुमार ने मीडिया से चर्चा में घटना की पुष्टि की है। हालांकि एसपी आदित्य मिश्रा और टीआई विजय राजपूत ने इस मामले में फिलहाल कोई बयान देने से इनकार किया है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button