आज 27 अक्टूबर को वेलिंग्टन में होने वाले मैच के दिन बारिश होने की संभावना लगभग 72 प्रतिशत के आस पास है। हालांकि, मैच के समय केवल हल्की बूंदाबांदी होने की ही उम्मीद है, लेकिन इस दौरान तेज हवाएं भी चल सकती हैं। मैच वाले दिन वेलिंग्टन में ठंड रहेगी, क्योंकि दिन का तापमान 13 डिग्री और रात का तापमान 9 डिग्री सेल्सियस तक रह सकता है। मौसम को देखकर लगता है कि मैच के दौरान बारिश की वजह से थोड़ा खलल पड़ सकता है…




नईदिल्ली (ए)। भारत और न्यूजीलैंड के बीच 5 टी-20 मैचों की सीरीज का तीसरा मुकाबला आज वेलिंगटन में खेला जाएगा। शुरुआती दोनों मैच जीतकर भारतीय टीम 2-0 से आगे है। मुकाबला क्राइस्टचर्च से वेलिंगटन पहुंच गया है, इसलिए परिस्थितियां भी बदलेंगी। यहां तेज हवा गेंद की दिशा, बल्लेबाजों के शॉट और फील्डिंग में परेशान करती है। हवा 55 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चल सकती है।
भारतीय टीम के लिए वैभव सूर्यवंशी की बल्लेबाजी पोजिशन पर नजर रहेगी। ईशान किशन दाईं जांघ की मांसपेशी में खिंचाव से पूरी तरह नहीं उबरे हैं, इसलिए वह तीसरे टी-20 से भी बाहर रहेंगे। ऐसे में सूर्यवंशी को एक बार फिर नंबर-3 पर मौका मिलने की संभावना है। भारत के लिए संजू सैमसन और अभिषेक शर्मा की शुरुआत भी महत्वपूर्ण होगी। पिछले मैच में तिलक वर्मा ने नाबाद 51 रन बनाकर हारा हुआ मैच जिताया था।


मैट हेनरी और लॉकी फर्ग्यूसन तीसरे मैच में नहीं दिखेंगे। हेनरी को आराम दिया गया है। फर्ग्यूसन वेलिंगटन मैच से बाहर रहेंगे। दोनों तेज गेंदबाज पिछले मुकाबले में अपने पूरे ओवर भी नहीं कर सके थे।इस सीरीज में न्यूजीलैंड के लिए ग्लेन फिलिप्स का प्रदर्शन सबसे अहम रहा है। वह पहले दो मैचों में 150 से ज्यादा रन बना चुके हैं। उनकी बल्लेबाजी की खासियत है कि वह पारी को संभालने के साथ तेजी से रन भी बना सकते हैं।
न्यूजीलैंड के कप्तान मिचेल सैंटनर भी भारतीय बल्लेबाजों के लिए चुनौती हैं। पिछले मैच में उनकी स्पिन गेंदबाजी ने भारत को परेशान किया था। पहले दो मुकाबलों में न्यूजीलैंड के स्पिनरों ने मिलकर आठ विकेट लिए हैं, जबकि तेज गेंदबाजों को चार विकेट मिले हैं।
भारत की ओर से भी स्पिन के खिलाफ बल्लेबाजी चिंता का विषय रही है। तिलक वर्मा का स्पिन के खिलाफ स्ट्राइक रेट 76 रहा है, जबकि तेज गेंदबाजों के सामने वह 220 के स्ट्राइक रेट से रन बना चुके हैं।
भारत ने शुरुआती दोनों मुकाबलों में लक्ष्य हासिल किया है, लेकिन गेंदबाजी में सुधार की गुंजाइश बनी हुई है। खासकर भुवनेश्वर कुमार महंगे साबित हुए हैं। पहले दो मैचों में उन्होंने आठ ओवर में 99 रन दिए और एक विकेट लिया।
गेंदबाजी कोच मोर्ने मोर्कल ने भी खिलाड़ियों से अपने प्रदर्शन का स्तर बढ़ाने की अपेक्षा जताई है। उनके मुताबिक, यात्रा और जेट लैग की वजह से शुरुआती मैचों में खिलाड़ियों को थोड़ी छूट दी जा सकती थी, लेकिन अब टीम को छोटी-छोटी चीजों में सुधार करना होगा।
हेनरी स्टेडियम को ‘केक टिन’ भी कहा जाता है। यहां की स्क्वायर बाउंड्री लगभग 60 मीटर की है, यानी विकेट के दोनों तरफ बल्लेबाजों को पुल और कट जैसे शॉट पर रन बनाने में फायदा मिलेगा।
नई पिच पर तेज गेंदबाजों को शुरुआत में मदद मिलने की संभावना है। दूसरी ओर, इसी मैदान पर पिछले सीजन के आखिरी टी-20 में साउथ अफ्रीका ने 164 रन का बचाव किया था। यहां एक सफल रनचेज का उदाहरण 216 रन का भी है। यानी पिच और मैच की स्थिति के हिसाब से दोनों तरह के नतीजे संभव हैं। टॉस जीतने वाली टीम पहले गेंदबाजी चुन सकती है।
आज का तीसरा मुकाबला भी भारतीय समय अनुसार दोपहर साढ़े 12 बजे से शुरू होगा, इससे आधे घंटे पहले टॉस होगा। पहले दो मैच जीतकर टीम इंडिया सीरीज में पहले ही लीड बना चुकी है। अब उसकी कोशिश होगी कि तीसरा मैच जीतकर सीरीज पर कब्जा किया जाए।
इस तीसरे मैच के बाद सीरीज का चौथा मैच 30 अक्टूबर को आकलैंड में खेला जाना है, सीरीज का पांचवां और आखिरी मैच एक नवंबर यानी रविववार को हेमिल्टन में होना है। इसके साथ टी20 सीरीज का समापन हो जाएगा, लेकिन भारतीय टीम का दौरा जारी रहेगा। चार नवंबर से पांच वनडे मैचों की सीरीज शुरू हो जाएगा। यानी ये लंबा दौरा है, जो आगे भी जारी रहेगा।



