खास खबरदेश-दुनियाफीचर्ड

छावनी थाना प्रभारी के खिलाफ अपराधिक मामला दर्ज, FIR दर्ज करने में देरी से जुड़ा है पूरा मामला

थाना प्रभारी छावनी को निचली अदालत के तीन महीने पहले के आदेश का अनुपालन नहीं करने का कारण बताने के लिए सात दिसंबर को व्यक्तिगत रूप से अदालत में पेश होने का निर्देश दिया गया था…

कानपुर (ए)। अक्सर सुनने में आता है कि पुलिस थाने में शिकायत देने गए थे पर पुलिस ने नहीं लिखी या फिर किसी और थाने का मामला बताकर टाल दिया. ऐसे ही एक मामले पर एसएचओ पर कार्रवाई की गई है. एफआईआर दर्ज करने में कथित देरी करने पर बुधवार को छावनी पुलिस थाना के प्रभारी अधिकारी (एसएचओ) के खिलाफ एक आपराधिक मामला दर्ज किया गया. एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने यह जानकारी दी।

ये घटनाक्रम इलाहाबाद होईकोर्ट के उस आदेश के बाद आया है जिसमें पुलिस आयुक्त (कानपुर नगर) और थाना प्रभारी छावनी अजय कुमार सिंह को निचली अदालत के तीन महीने पहले के आदेश का अनुपालन नहीं करने का कारण बताने के लिए सात दिसंबर को व्यक्तिगत रूप से अदालत में पेश होने का निर्देश दिया गया था।

कार चोरी से जुड़ा है मामला संयुक्त पुलिस आयुक्त (कानून और व्यवस्था ) आनंद प्रकाश तिवारी ने पीटीआई से फोन पर की गई बातचीत में बताया कि प्रेमपुर के दलपतपुर निवासी वकील रविकांत उत्तम की कार एक अगस्त को छावनी इलाके से चोरी हो गई थी. उन्होंने बताया कि उत्तम ने अगले दिन पुलिस आयुक्त के पास एक लिखित शिकायत दर्ज कराई, लेकिन उनकी प्राथमिकी दर्ज नहीं की जा सकी।

अधिकारी ने बताया कि कथित चोरी की घटना के करीब एक महीने बाद, उत्तम ने प्रथम अपर सिविल जज जूनियर डिवीजन की अदालत में मामला दायर किया और छावनी पुलिस थाना के प्रभारी के खिलाफ मामला दर्ज करने का निर्देश देने की गुहार लगाई. याचिका पर सुनवाई करते हुए पीठासीन न्यायाधीश सौरभ श्रीवास्तव ने आदेश पारित कर थाना प्रभारी, छावनी को प्राथमिकी दर्ज करने को कहा।

इलाहाबाद हाईकोर्ट में पहुंचा मामला इसके बावजूद उन्होंने आदेश का पालन नहीं किया. इसके बाद मामला इलाहाबाद हाईकोर्ट के समक्ष गया, जिसने पुलिस आयुक्त और थाना प्रभारी को बृहस्पतिवार को व्यक्तिगत रूप से अदालत में पेश होने और यह बताने के लिए कहा कि उनके खिलाफ कार्रवाई क्यों नहीं की जाए।

मामले पर संज्ञान लेते हुए पुलिस आयुक्त रामकृष्ण स्वर्णकार ने थानेदार अजय कुमार सिंह के खिलाफ जांच शुरू की और उसके खिलाफ भादंस की धारा 166 ए (लोक सेवक द्वारा कानून के तहत निर्देश की अवहेलना) के तहत प्राथमिकी दर्ज करने का निर्देश दिया।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button