1951 में जनसंघ की स्थापना कर के प्रत्येक कार्यकर्ता को संदेश दिया था कि देश के लिए जीना है और देश के लिए मरना है। उन्होंने अपने जीवन से साबित किया कि राष्ट्र सर्वोपरि का मंत्र लेकर चलने वाले अपना जीवन देने में एक पल का भी संकोच नहीं करते। डॉ. मुखर्जी ने पश्चिम बंगाल को भारत का हिस्सा बनाए रखने के लिए एक बड़ी लड़ाई लड़ी…
नईदिल्ली (ए)। रविवार को पश्चिम बंगाल, असम, पुदुचेरी, तमिलनाडु और केरल विधानसभा चुनाव के नतीजों के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भाजपा मुख्यालय में पार्टी की जीत के बाद कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा- जो लोग मुझे देख नहीं पाते हैं, उनसे मेरी प्रार्थना है, वे जहां वहीं से मुझे सुन लें, किसी को आगे पीछे न करें। उन्होंने कहा- जब वर्षों की साधना सिद्धी में बदलती है तो चेहरे पर जो खुशी होती है, वो खुशी आज मैं देशभर के भाजपा के कार्यकर्ता के चेहरे पर देख रहा हूं। पीएम मोदी ने आगे कहा- मैं कार्यकर्ता के नाते हर भाजपा कार्यकर्ता की खुशी में शामिल हूं। आज का ये दिवस कई मायनों में खास है, विशेष है। ये देश के उज्ज्वल भविष्य की उद्घोषणा का दिन है। ये भरोसे का दिन है। भरोसा भारत के महान लोकतंत्र पर, भरोसा प्रदर्शन की राजनीति पर। भरोसा एक भारत, श्रेष्ठ भारत की भावना पर।
मैं बंगाल की जनता का, असम की जनता का, पुदुचेरी की जनता का, तमिलनाडु और केरल की जनता का आदरपूर्वक नमन करता हूं। मैं उनका वंदन करता हूं। भाजपा के हर छोटे-बड़े कार्यकर्ता ने कमाल कर दिया है, कमल खिला दिया है। आपने नया इतिहास रच दिया है। भाजपा के अध्यक्ष नितिन नवीन के अध्यक्ष पद संभालने के बाद ये पहले विधानसभा चुनाव थे। इनमें पार्टी कार्यकर्ताओं को जो उनका मार्गदर्शन मिला, वह इस विजय में बहुमूल्य रहा है।
पीएम मोदी ने आगे कहा- आज अलग-अलग उपचुनाव के परिणाम भी उत्साहजनक रहे हैं। महाराष्ट्र, गुजरात, नगालैंड और त्रिपुरा में जो उपचुनाव हुए, उनमें हमारे उम्मीदवारों को जनता-जनार्दन ने आशीर्वाद दिया। हम इन राज्यों में भी जीत गए। एनडीए की नेता सुनेत्रा पवार जी ने भी बड़ी जीत दर्ज की है। मैं सभी राज्यों की जनता का हृदय से आभार व्यक्त करता हूं।
इस दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने कहा- जय-पराजय लोकतंत्र और चुनावी राजनीति का स्वाभाविक हिस्सा होता है, लेकिन पांच राज्यों की जनता ने पूरे विश्व को दिखाया है कि ये हमारा भारत मदर ऑफ डेमोक्रेसी क्यों है। लोकतंत्र हमारे लिए सिर्फ एक तंत्र नहीं है। ये हमारी रगों में दौड़ता हुआ संस्कार है। आज सिर्फ भारत का लोकतंत्र नहीं जीता है, आज भारत का संविधान भी जीता है। हमारी सांविधानिक संस्थाएं जीती हैं। हमारी लोकतांत्रिक प्रक्रियाएं जीती हैं। बंगाल में करीब 93 फीसदी मतदान होना, अपने आप में ऐतिहासिक रहा है। भारत के लोकतंत्र की गरिमा को बनाए रखने में आप सबका योगदान इतिहास हमेशा याद रखेगा।
इस दौरान पीएम मोदी ने कहा- पिछले साल 14 नवंबर को जब बिहार चुनाव के नतीजे आए थे, तब मैंने इसी जगह से, भाजपा मुख्यालय से आपसे कहा था कि गंगाजी बिहार से आगे बहते हुए गंगा सागर तक जाती हैं। आज बंगाल की जीत के साथ गंगोत्री से गंगासागर तक कमल ही कमल खिला हुआ है। उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश, बिहार और पश्चिम बंगाल आज मां गंगा के इर्द-गिर्द बसे इन राज्यों में भाजपा-एनडीए सरकार है।
अपने संबोधन में पीएम मोदी ने कहा- 2013 में जब भाजपा ने मुझे पीएम उम्मीदवार के रूप में भी काम दिया और जब मैं काशी में अपना नामांकन भरने गया और जब पत्रकारों ने मुझे भेजा तो मैंने कहा था कि ‘न मुझे किसी ने भेजा है, न मैं यहां आया हूं, मुझे यहां मां गंगा ने बुलाया है।’ आज मैं महसूस कर रहा हूं कि मां गंगा हमारे ऊपर अपनी कृपा बरसा रही हैं। गंगा के साथ ब्रह्मपुत्र का भी हम पर अहसान रहा है। असम की जनता ने लगातार तीसरी बार भाजपा-एनडीए पर भरोसा किया है। हैट्रिक- तीसरी बार।
इस दौरान असम की जीत का जिक्र करते हुए पीएम मोदी ने कहा- असम के टी-गार्डन वाले शहरों में भी भाजपा को अभूतपूर्व समर्थन मिला है। असम अब अपने विकास की रफ्तार और बढ़ाएगा। साल 2021 में हमने पुदुचेरी की जनता के सामने पुदुचेरी का विजन रखा था। पुदुचेरी की जनता ने हमें अपना आशीर्वाद दिया था। पुदुचेरी की जनता ने इस विजन को पूरा करने के लिए हम पर एक बार फिर अपना भरोसा कायम किया है। मैं पुदुचेरी के युवाओं, मछुआरों को भरोसा देना चाहता हूं कि एनडीए की सरकार आपके लिए काम करती रहेगी।
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने संबोधन में कहा- आज देश के 20 से ज्यादा राज्यों में भाजपा-एनडीए की सरकारें हैं। हमारा मंत्र है नागरिक देवो भवः। हम जनता की सेवा में जुटे हुए हैं। इसलिए जनता भाजपा पर ज्यादा से ज्यादा भरोसा कर रही है। जनता साफ देख रही है कि जहां भाजपा, वहां गुड गवर्नेंस। जहां भाजपा, वहां विकास। आप बीते दो साल के ट्रेंड को देखिए। हरियाणा में लगातार तीसरी बार भाजपा सरकार बनी। महाराष्ट्र में जबरदस्त जीत मिली। दिल्ली में अभूतपूर्व जीत मिली। बिहार में भी हमें बड़ी जीत हासिल हुई। यह जीत सिर्फ राज्यों में ही नहीं लोकल गवर्नेंस में भी दिख रही है।
इस दौरान पीएम मोदी ने कहा- गुजरात में इस बार भाजपा को स्थानीय चुनाव में सबसे बड़ा वोट शेयर मिला है। ये भाजपा की गुड गवर्नेंस का सबसे बड़ा उदाहरण है। आज भाजपा कार्यकर्ता के रूप में मेरे मन में एक और बात आ रही है। डॉक्टर श्यामा प्रसाद मुखर्जी की आत्मा को कितनी शांति मिली होगी। उन्होंने 1951 में जनसंघ की स्थापना कर के प्रत्येक कार्यकर्ता को संदेश दिया था कि देश के लिए जीना है और देश के लिए मरना है। उन्होंने अपने जीवन से साबित किया कि राष्ट्र सर्वोपरि का मंत्र लेकर चलने वाले अपना जीवन देने में एक पल का भी संकोच नहीं करते। डॉ. मुखर्जी ने पश्चिम बंगाल को भारत का हिस्सा बनाए रखने के लिए एक बड़ी लड़ाई लड़ी। उन्होंने जिस समृद्ध बंगाल का सपना देखा था, वह सपना कई दशकों से पूरा होने का इंतजार कर रहा था। आज 4 मई 2026 को बंगाल की जनता ने हम भाजपा कार्यकर्ताओं को अवसर दिया है। साथियों बंगाल के भाग्य में आज से एक नया अध्याय जुड़ गया है। आज से बंगाल भयमुक्त हुआ है। विकास के भरोसे से युक्त हुआ है। बांग्लाए पोरिबोर्तन होए गए छे।
प्रधानमंत्री ने आगे कहा- इस जीत के साथ-साथ वंदे मातरम के 150वें वर्ष में भारत माता को और उसी बंकिम जी को बंगाल के लोगों ने अपना सादर नमन प्रेषित किया है। श्री अरबिंदो को भी मतदाताओं ने ऐतिहासिक श्रद्धांजलि दी है। बंगाल में हमारे कितने भी कार्यकर्ताओं ने अपना जीवन इस जीत के लिए समर्पित किया है। भाजपा की कितनी महिला कार्यकर्ताओं को तमाम अत्याचार सहने पड़े। केरल में और बंगाल में भाजपा के हर कार्यकर्ता को कितनी मुसीबतें झेलनी पड़ीं। उन पर कितने जुल्म हुए हैं, कितने अत्याचार हुए हैं। मैं आज बंगाल में भाजपा की सफलता का श्रेय ऐसे सभी कार्यकर्ताओं को और उनके परिवारों को देता हूं। मैं यह जीत बंगाल की जनता को समर्पित करता हूं।
उन्होंने आगे कहा- 4 मई की यह शाम भले ही ढल रही हो, लेकिन बंगाल की पावन धरा पर आज एक नया सूर्योदय हुआ है। एक ऐसा सवेरा, जिसका इतंजार पीढ़ियों ने किया है। भाजपा ने जितनी सीटें जीतीं वह महज एक चुनावी आंकड़ा नहीं है। ये उस अडिग विश्वास की हुंकार है, जिसने डर, तुष्टिकरण और हिंसा की राजनीति को जड़ से उखाड़ फेंका है। साथियों आज से बंगाल के भविष्य की एक ऐसी यात्रा शुरू हो रही है, जहां विकास, अटूट विश्वास और नई उम्मीदें कदम से कदम मिलाकर चलेंगी।
पीएम मोदी ने आगे कहा- मैं आज हर बंगाल वासी को भरोसा देता हूं कि बंगाल के बेहतर भविष्य के लिए भाजपा दिन-रात एक कर देगी। बंगाल में अब महिलाओं को सुरक्षा का माहौल मिलेगा। युवाओं को रोजगार मिलेगी। पलायन रुकेगा। पहली कैबिनेट में ही आयुष्मान भारत योजना को हरी झंडी दिखाई जाएगी। और घुसपैठियों के खिलाफ भी सख्त से सख्त कार्रवाई होगी। इस महाविजय की दहलीज पर खड़े होकर हम गुरुदेव टैगोर को भी याद कर रहे हैं।
पीएम मोदी ने कहा- बंगाल के ये चुनाव एक और वजह से बहुत खास रहे हैं। आप याद कीजिए बंगाल चुनाव के समय कैसी खबरें आती थीं। हिंसा, डर और निर्दोष लोगों की मौतें, लेकिन इस बार पूरे देश ने एक नई खबर सुनी। बंगाल में शांतिपूर्ण मतदान हुआ। पहली बार ऐसा हुआ कि चुनावी हिंसा में एक भी निर्दोष नागरिक की जान नहीं गई। लोकतंत्र के इस महापर्व में बंदूक की आवाज के ऊपर भी जनता की आवाज गूंजी। पहली बार डर नहीं, लोकतंत्र जीता है।
पीएम मोदी ने कहा- आज जब बंगाल ने परिवर्तन के नए दौर में प्रवेश किया है, तो मैं बंगाल के हर राजनीतिक दल से एक आग्रह भी करना चाहता हूं। बंगाल में बीते दशकों में राजनीतिक हिंसा की वजह से न जाने कितनी जिंदगियां बर्बाद हो चुकी हैं। मेरा मानना है कि आज से बंगाल की चुनावी जो आदतें फैली हुई हैं, उसमें बदलाव आना चाहिए। आज जब भाजपा जीती है तो बदला नहीं, बदलाव की बात होनी चाहिए। भय नहीं, भविष्य की बात होनी चाहिए। मेरी सभी राजनीतिक दलों के कार्यकर्ताओं से अपील है कि आइये हिंसा के इस अंतहीन चक्र को हमेशा के लिए खत्म करें। किसने किसे वोट दिया, किसे नहीं दिया, उससे ऊपर उठकर बंगाल की सेवा के लिए काम करें।
प्रधानमंत्री ने आगे कहा- इन राज्यों में चुनाव और उसके नतीजों की राजनीतिक विशेषज्ञ अपने तरीके से समीक्षा कर रहे हैं। लेकिन इन नतीजों की एक और अहम बात है, इनकी टाइमिंग। आप देख रहे हैं कि जब इन राज्यों में जनता वोट डाल रही थी, तो इसी दौरान विश्व में क्या कुछ नहीं हुआ। जगह-जगह युद्ध के सायरन बज रहे थे। अस्थिरता और अराजकता का माहौल रहा। उस दौरान भारत का जन-जन स्थिरता के लिए वोट दे रहा था। आज पश्चिम एशिया में चल रहे संकट का देश पर पूरा असर पड़ा है। लेकिन भारत पूरे सामर्थ्य से इस संकट का सामना कर रहा है। इस चुनाव ने दिखाया है कि भारत इस चुनौती में भी एकजुट है, एकमत है और एक लक्ष्य से संकल्पित है। वह लक्ष्य है- विकसित भारत। यह लक्ष्य लेकर हम निकले हैं।
इस दौरान पीएम मोदी ने कहा- विकसित भारत के संकल्प की सिद्धी में पूर्वोदय का बड़ा महत्व है। जब भारत समृद्ध था, तब आर्थिक, राजनीतिक और सामरिक स्तर पर स्थिर था। तब उसके तीन स्तंभ था- अंग यानी आज का बिहार, बंग यानी आज का बंगाल और कलिंग यानी आज का ओडिशा। कलिंग उस वक्त हिंद महासागर के व्यापार का एकछत्र सम्राट था। कलिंग के बंदरगाह पूरे एशिया में भारत के उत्पाद को पहुंचाते थे। बंग वह सांस्कृतिक धरती थी, जहां से भारत की आत्मा की आवाज उठती थी। गुलामी के कालखंड में जैसे-जैसे समृद्ध भारत के मजबूत स्तंभ कमजोर हुए, भारत का सामर्थ्य भी क्षीण होता गया। इसलिए विकसित भारत के निर्माण के लिए इन तीनों स्तंभों का फिर मजबूत होना आवश्यक है। मुझे गर्व है कि अंग, बंग और कलिंग ने इस महाभियान के लिए भाजपा को चुन लिया है। एनडीए पर भरोसा किया है।
पीएम मोदी ने आगे कहा- विकसित भारत के निर्माण का एक और अहम स्तंभ भारत की नारी शक्ति है, नारी शक्ति हब विकसित भारत के निर्माण में तेजी से आगे बढ़ रही है। इस नारी शक्ति को कांग्रेस और उसके सहयोगी दलों ने रोकने का प्रयत्न किया है। इन दलों ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम को पारित नहीं होने दिया। इसलिए मैंने कहा था कि इन दलों को आगे महिलाओं का आक्रोश झेलना पड़ेगा। आज कांग्रेस, टीएमसी और डीएमके को बहनों-बेटियों ने सजा दी है। केरल में लेफ्ट के 10 साल के कुशासन का फायदा कांग्रेस को जरूर मिला है, लेकिन मुझे विश्वास है कि केरल की बहनें भी अगले चुनाव में कांग्रेस को सबक सिखाएंगी।
इस दौरान पीएम मोदी ने सपा पर भी निशाना साधा- जिस समाजवादी पार्टी ने संसद में महिला आरक्षण रोका है, उन्हें भी यूपी की महिलाओं का आक्रोश झेलना पड़ेगा। समाजवादी पार्टी कभी भी अपने पाप को धुल नहीं पाएगी। आज हम भारत की राजनीति में एक और बड़ा बदलाव देख रहे हैं। आज पूरे देश में एक भी राज्य ऐसा नहीं है, जहां कम्युनिस्ट पार्टी की सरकार हो। एक भी नहीं है। ये सिर्फ सियासत का बदलाव नहीं है। ये सोच का बदलाव है। ये बताता है कि विकसित भारत किस दिशा में आगे बढ़ना चाहता है। आज का भारत अवसर चाहता है। विकास चाहता है। विश्वास चाहता है। आज का भारत प्रगति चाहता है। ऐसी राजनीति चाहता है जो देश को आगे बढ़ाए, लेकिन दुर्भाग्य से आज की कांग्रेस बिल्कुल विपरीत दिशा में चल पड़ी है। जब पूरा देश कम्युनिजम से किनारा कर चुका है। कांग्रेस उसी विचार धारा को अपना रही है, जिसे देश ने ठुकरा दिया है। जो माओवाद जंगलों में खत्म हो रहा है, वह कांग्रेस में अपनी जड़ें मजबूत कर चुका है। इसलिए कांग्रेस अर्बन नक्सलियों का गिरोह बनती जा रही है। कांग्रेस को यह ध्यान रखना चाहिए कि जिस विचार को जनता ने ठुकराया, उसे जो अपनाएगा, जनता उसे भी ठुकराएगी।
पीएम मोदी ने कहा- आजादी के बाद कांग्रेस ने देश के करीब करीब हर राज्य में सरकारें बनाईं। आजादी के बाद जो भाव था, उसका उन्हें लाभ मिला, लेकिन जैसे-जैसे आजादी के आंदोलन के भाव से देशा आगे निकला, वैसे वैसे कांग्रेस जनता का भरोसा खोती चली गई। बीते दशकों में देश ने युवाओं की अनेक पीढियां जोड़ी हैं। लेकिन कांग्रेस घटती चली गई है। कांग्रेस देश की संवेदनाओं को नहीं समझ पाई । कांग्रेस महत्वकांक्षा की राजनीति को जानती ही नहीं है। भाजपा के लिए भारतीयता और भारत के भाव से बड़ा कुछ नहीं है। हमारे लिए भारत सबकुछ है और भारतीयता सबकुछ है। भाजपा सिर्फ राष्ट्रीय पार्टी है ऐसा नहीं है, यह क्षेत्रीय महत्वकांक्षा से राष्ट्रीय लक्ष्य पूरा करने वाली पार्टी है। इसलिए भाजपा देश की पसंद बन रही है और जनता जनार्दन का आशीर्वाद पा रही है। भाजपा परिवार की नहीं, जमीन से जुड़ी राजनीति कर रही है। आज पूर्वोत्तर भाजपा से जुड़ता है। आज पूरा आदिवासी अंचल भाजपा को प्रचंड जनादेश दे रहा है। मछुआरों–किसानों की पसंद भाजपा है। लोकतंत्र में जनता की आकांक्षा सर्वोपरि है। तमिलनाडु की जनता ने नया प्रयोग किया है। मैं यूडीएफ को भी बधाई देता हूं। मैं इन्हें विश्वास दिलाता हूं कि भारत सरकार इनके विकास में कंधे से कंधा मिलाकर चलेंगे।

















