होटल और रेस्टॉरेंट को 1 महीने के लिए कोयला और बायो-फ्यूल का इस्तेमाल करने की अनुमति दी गई है। इसके लिए पर्यावरण विभाग से भी मंजूरी मिल गई है…
नईदिल्ली (ए)। ईरान द्वारा स्ट्रेट ऑफ होर्मुज बंद किए जाने के बाद LNG की सप्लाई बुरी तरह से प्रभावित हुई है। पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय की जॉइंट सेक्रेटरी (मार्केटिंग और ऑयल रिफाइनरी) सुजाता शर्मा ने गुरुवार को कहा कि भारत अपनी LPG का लगभग 60% हिस्सा आयात करता है और इसका लगभग 90% हिस्सा होर्मुज स्ट्रेट से आता है। ये एक मुश्किल स्थिति है, लेकिन सरकार घरेलू उपभोक्ताओं को सप्लाई पक्का करने की पूरी कोशिश कर रही है। उन्होंने बताया कि एलपीजी संकट से उबरने और एलपीजी पर निर्भरता को कम करने के लिए दूसरे विकल्पों पर भी तेजी से काम किया जा रहा है।
सुजाता शर्मा ने बताया कि भारत सरकार हर तीन महीने में राज्यों को 1 लाख लीटर यानी 10 करोड़ लीटर केरोसिन तेल देती है। एलपीजी संकट के बीच आज सरकार ने ऑर्डर जारी कर दिया गया है और राज्य सरकारों को 48,000 किलोलीटर यानी 4.8 करोड़ लीटर अतिरिक्त केरोसिन तेल दिया जाएगा।
होटल और रेस्टॉरेंट को 1 महीने के लिए कोयला और बायो-फ्यूल का इस्तेमाल करने की अनुमति दी गई है। इसके लिए पर्यावरण विभाग से भी मंजूरी मिल गई है। सुजाता शर्मा ने बताया कि देशभर में रोजाना 50 लाख एलपीजी सिलेंडरों की डिलीवरी की जाती है।
उन्होंने बताया कि भारत में हर दिन करीब 55 लाख बैरल तेल की खपत होती है। पेट्रोलियम और नेचुरल गैस मंत्रालय ने एसेंशियल कमोडिटीज एक्ट के तहत एक ऑर्डर जारी किया है, जिसमें सभी रिफाइनरियों को LPG का प्रोडक्शन ज़्यादा से ज़्यादा करने का निर्देश दिया गया है और इसी वजह से प्रोडक्शन बढ़ा है।
कल यह हमारे घरेलू प्रोडक्शन का 25% था, अब ये 28% है। हमारे पास रिटेल आउटलेट्स का बहुत बड़ा नेटवर्क है। देश में करीब एक लाख रिटेल आउटलेट्स चल रहे हैं। इनमें से किसी भी रिटेल आउटलेट पर ड्राई आउट की कोई खबर नहीं है।


















